Thursday, February 22, 2024
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Ghazipur News: लोगों ने सीएम से शिकायत कर करंडा के बड़सरा में बिना रजिस्ट्रेशन के चल रहा मयंक पैथोलॉजी सेंटर बंद होने का किया मांग, आखिर स्वास्थ्य विभाग क्यों इतना मेहरबान

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गाजीपुर। नगर से लेकर देहात तक इन दिनों अवैध पैथालॉजी लैब की बाढ़ सी आ गई है। कुछ अवैध पैथालॉजी लैबों का संचालन कलेक्शन सेंटर की आड़ में धड़ल्ले से संचालित किया जा रहा है।
आपको बताते चलें कि करंडा थाना क्षेत्र अंतर्गत प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र बड़सरा के बगल में बिना रजिस्ट्रेशन के मयंक पैथोलॉजी सेंटर धड़ल्ले से चल रहा है। जांच रिपोर्ट पर भी हस्ताक्षर भी पैथोलॉजी संचालक स्वयं करके देता है। जांच रिपोर्ट बहुत कम समय में ही तैयार करके मरीज को दे दिया जाता हैं।
अब देखना यह होगा कि स्वास्थ्य विभाग के जिम्मेदार अफसर इन अवैध पैथोलॉजी लैब पर किस तरह की कार्रवाई करते हैं।
बिना रजिस्ट्रेशन व अधिकृत मान्यता न होने के बावजूद संचालित हो रही पैथोलॉजी लैबों के बारे में सबकुछ जानते हुए भी स्वास्थ्य विभाग के जिम्मेदार हाथ पर हाथ धरे बैठे हैं।
लोगों ने सीएम से शिकायत कर मयंक पैथोलॉजी को बंद कराने की मांग किया है।

*मेदनीपुर बाजार में मयंक पैथोलॉजी सेंटर के आड़ में धड़ल्ले से चल रहा कलेक्शन सेंटर-*

बिना रजिस्ट्रेशन के करंडा के प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र बड़सरा के ठीक बगल में चल रहा मयंक पैथोलॉजी सेंटर लैब के आड़ में मेदनीपुर सिंकदरपुर रोड पर कलेक्शन सेंटर भी धड़ल्ले से संचालित किया जा रहा है। सवाल तो यह उठता है कि आखिर किसके सह पर यह सब खेल चल रहा है।

सूत्रों की मानें तो सैदपुर,सदात, शादियाबाद, नन्दगंज, बहरियाबाद, भीमापार,मकदुमपुर, दुल्लहपुर सहित इलाके में जगह-जगह पैथोलॉजी लैब खोल लिया गया है।
जिले में कई दर्जन अवैध लैब कलेक्शन सेंटर की आड़ में चल रहे है। इन लैब का संचालन धड़ल्ले से किया जा रहा है और लोगों की सैंपल लेकर जांच की जा रही है। जांच के नाम पर मरीजों से अनाप शनाप पैसा भी लिया जाता है। और रिपोर्ट में भी गड़बड़ी की शिकायत मिलती है।

*न योग्यता न रजिस्ट्रेशन,फिर भी संचालन—*

पैथोलॉजी लैब संचालन के लिए शासन द्वारा विधिवत नियम लागू किये गये है। लेकिन मयंक पैथोलॉजी सेंटर में आश्चर्यजनक रूप से लैब संचालक व उनके सहयोगी तक लैब संचालित कर रहे हैं। वह रिपोर्ट में साइन‌ करके भी दे रहे हैं जबकि लैब संचालक एमबीबीएस, एमडी पैथोलॉजिस्ट होना चाहिए। इतना ही नहीं अवैध तरीके से संचालित हो रहे लैब के पास न ही नियमानुसार पाल्यूशन बोर्ड का रजिस्ट्रेशन है और न ही मेडिकल वेस्ट फर्म का पंजीयन है। लैब के पास पाल्यूशन कंट्रोल बोर्ड का रजिस्ट्रेशन, पंजीकृत मेडिकल वेस्ट सर्विस से एग्रीमेंट, सीएमओ आफिस का रजिस्ट्रेशन,फायर ब्रिगेड का परमिशन, दुकान का किरायनामा होना आवश्यक है।
इसके विपरीत सारे नियमों को ताक पर रखकर पैथोलॉजी लैब का संचालन हो रहा है, इनके खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं होती है।

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